केरला ब्लास्टर्स के पूर्व हेड कोच ने सुनील छेत्री की रिप्लेसमेंट और इंडियन फुटबॉल टीम के बारे में बात की।

कुछ ऐसे विदेशी कोच रहे हैं जिन्होंने पिछले एक दशक में इंडियन फुटबॉल को काफी करीब से देखा है। इन्हीं में से एक हैं डच कोच एल्को शैटोरी जो ईस्ट बंगाल, नॉर्थईस्ट यूनाईटेड और केरला ब्लास्टर्स जैसी टीमों को कोचिंग दे चुके हैं। उन्होंने इंडियन फुटबॉल टीम को नजदीक से प्रोग्रेस करते हुए देखा है।

खेल नाओ के साथ उन्होंने कई मुद्दों पर एक्सक्लूसिव बातचीत की। एल्को शैटोरी ने बताया कि इंडियन फुटबॉल टीम में कौन-कौन से ऐसे प्लेयर हैं जो जबरदस्त गोल करने की क्षमता रखते हैं। उन्होंने कई प्लेयर्स का नाम लिया और साथ ही माइकल सूसाइराज को बेस्ट गोलस्कोरर्स में से एक बताया।

एल्को शैटोरी ने कहा, “तीन ऐसे प्लेयर्स हैं जिन्हें मैं जानता हूं उनके पास शानदार स्कोरिंग क्षमता है। राउलिन बोर्जेस गोल कर सकते हैं। इसके अलावा माइकल सूसाइराज भारत के सबसे बेहतरीन गोलस्कोरर्स में से एक हैं। उनको हमेशा ये फीलिंग होती है कि वो गोल कर सकते हैं। राहुल केपी के पास भी गोल करने की क्षमता है। हालांकि, आशिक कुरुनियन को लेकर मेरे मन में अभी भी थोड़ी शंका है लेकिन वो एक स्ट्राइकर के तौर पर खेल सकते हैं। मेरे हिसाब से कुछ कॉम्बिनेशन हैं जिनको आप ट्राई कर सकते हैं। इससे आपको हैरान कर देने वाले रिजल्ट देखने को मिल सकते हैं।”

जब एल्को शैटोरी से भारतीय टीम के 2026 फीफा वर्ल्ड कप के लिए क्वालीफाई करने की संभावनाओं के बारे में पूछा गया तो उन्होंने बेहद वास्तविक जवाब दिया। उन्होंने कहा कि हमें आखिरी दो मैचों में इंडियन नेशनल फुटबॉल टीम के परफॉरमेंस को भी देखना होगा। इन मैचों को देखकर लगता है कि भारतीय टीम उतना बेहतर नहीं खेल रही है।

एल्को शैटोरी ने कहा, “मेरे हिसाब से आपको अपने ऊपर विश्वास होना चाहिए और ये ड्रीम जरुर देखना चाहिए। लेकिन अगर वास्तविकता पर नजर डालें तो अफगानिस्तान और बांग्लादेश के खिलाफ आखिरी दो मैचों में भारतीय टीम का प्रदर्शन कैसा रहा ? उन मैचों का परिणाम क्या रहा ? हम उन पर पूरी तरह से हावी नहीं हो सके। अगर आप किसी टीम को डोमिनेट नहीं कर पाएंगे तो फिर जीतेंगे कैसे। यूएई, ओमान, कुवैत और सऊदी अरब की टीम को देखिए। ये सभी देश वर्ल्ड कप में क्वालीफाई करने के लिए संघर्ष कर रहे हैं और हम उनके खिलाफ भी नहीं जीत रहे हैं। इसका मतलब ये नहीं है कि भारतीय टीम उन्हें हरा नहीं सकती है लेकिन आपको वास्तविक होना पड़ा।”

हालांकि, उन्होंने कहा कि भारतीय टीम अपने परफॉरमेंस में बदलाव कर सकती है। टीम को ऐसा सिस्टम अपनाना होगा जो बेहतर हो और जहां आपको बेहतर रिजल्ट मिले। मैं ज्यादातर पांच डिफेंडर, तीन मिडफील्डर और दो स्ट्राइकर्स के साथ खेलूंगा।

शैटोरी ने कहा, “भारत में ज्यादा अच्छे डिफेंडर नहीं हैं और ना ही ज्यादा सेंटर-बैक हैं, इसलिए उस जगह की भरपाई आपको करनी होगी। सुनील छेत्री ही आपके पास हैं जो गोल करते हैं लेकिन वो अकेले सारे गोल नहीं कर सकते हैं। इसलिए उनके अलावा एक और अतिरिक्त स्ट्राइकर का चुनाव मैं करुंगा। भारत में कई सारे मिडफील्डर हैं और इस तरीके से आप अटैकिंग फुटबॉल खेल सकते हैं।”