लीग की ज्यादातर टीमें अभी अपने-अपने स्क्वॉड को अच्छे घरेलू खिलाड़ियों से भर रही हैं।

इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) का 2021-22 सीजन फिलहाल काफी दूर लग रहा है। हालांकि, टीमें अपने-अपने स्क्वॉड को बेहतरीन खिलाड़ियों से सजाने में जुटे हैं, ताकि वो लीग के चैंपियन बन सकें। लीग के आखिरी सीजन को खत्म हुए अभी महीना भर ही हुआ है, लेकिन अब खिलाड़ियों के ट्रांसफर को लेकर गतिविधियां शुरू हो चुकी हैं। इससे ये साफ है कि सभी क्लब प्री-सीजन के पहले ही अपनी टीमों को पूरी तरह मजबूत बना लेना चाहते हैं।

फिलहाल ज्यादातर टीमें अपने स्क्वॉड में विदेशी खिलाड़ियों को शामिल करने से ज्यादा अच्छे घरेलू खिलाड़ियों को स्क्वॉड में शामिल करने की तैयारियों में जुटे हैं। ऐसा इसलिए भी है क्योंकि, अगले सीजन से 3+1 नियम लागू हो जाएगा और इसलिए टीम को बेहतरीन भारतीय टेलेंट्स की तलाश है। हालांकि, लीग में पहले ही कई रोचक डील पूरी हो चुकी हैं।

खेल नाओ ऐसे ही ट्रांसफर्स के बारे में आपको बताएगा, जिनकी पुष्टि आईएसएल के क्लब्स कर चुके हैं।

एटीके मोहन बगान में लिस्टन कोलासो

एटीके मोहन बगान ने रिकॉर्ड ट्रांसफर फीस के बूते लिस्टन कोलासो को हैदराबाद एफसी से ट्रांसफर करवाते हुए अब तक के शायद सबसे बड़े घरेलू खिलाड़ी के सबसे बड़े ट्रांसफर को अंजाम दिया है। गोवा के इस विंगर का पिछला आईएसएल सीजन निजाम के लिए काफी बेहतर रहा था और उन्होंने दो गोल और तीन असिस्ट किए थे। फैंस और खेल के जानकार, सभी उन्हें सबसे बेहतरीन युवा भारतीय सितारों में से एक मानने लगे हैं।

उनपर बाजी लगाते हुए मरीनर्स ने भविष्य की अपनी तैयारी के बारे में आगाह कर दिया है। आईएसएल में अपना दबदबा बरकरार रखने के लिए वो एक दमदार टीम बना रहे हैं और इसी के बूते वो एएफसी कप में एक टक्कर की टीम भी बन सकें। ऐसे में कोलाको जैसा बेहतरीन विंगर अगले सीजन में उनकी अटैकिंग पावर को और भी बढ़ा देगा।

केरला ब्लास्टर्स में संजीव स्टालिन

लीग में 10वें नंबर पर रहने और एक और निराशाजनक सीजन के बाद केरल ब्लास्टर्स एकबार फिर से स्क्वॉड में परिवर्तन के लिए तैयारी कर रहे हैं। इसके लिए उन्होंने काम भी शुरू कर दिया है और वो ऐसे खिलाड़ियों को भर्ती करने की तैयारी कर रहे हैं, जो उनकी पोजिशन को सुधार सके।

इस प्रक्रिया में येलो आर्मी ने पहला कदम उठाते हुए युवा लेफ्ट बेक संजीव स्टालिन को साइन किया और अपने डिफेंस को मजबूत किया। इंडियन एरोज का ये पूर्व खिलाड़ी पुर्तगाल की क्लब एव्स से जॉइन करेगा। संजीव फीफा अंडर-17 वर्ल्ड कप में भारतीय टीम की ओर से खेल चुके हैं और इस टूर्नामेंट में उनके बेहतरीन डिफेंस और शानदार सैट-पीस की क्षमता के चले फैंस उन्हें अभी तक याद करते हैं।

स्टालिन के आने से जेसल कारनियरो को लेफ्ट बैक पर कॉम्पटिशन मिलेगा। इसी के साथ वो सेंटर बैक पर भी खेल सकते हैं। 20 साल का ये खिलाड़ी लंबे समय के आधार पर देखा जाए तो काफी अच्छा है और ये टीम के डिफेंस को आने वाले समय में और मजबूत बना देगा।

केरल ब्लास्टर्स में होरमीपाम रुवियाह

स्टालिन को साइन करने के बाद भी केरल ने अपने डिफेंस को और भी मजबूत बनाने की कोशिश की है। ऐसा करते हुए उन्होंने युवा सेंटर बैक होरमीपाम को पंजाब से ट्रांसफर किया है। स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (साई) से निकला ये खिलाड़ी अंडर-18 की नेशनल टीम का प्रतिनिधित्व कर चुका है। यूथ लेवल पर होर्मीपम काफी सफलता हासिल कर चुके हैं।

पिछले आई-लीग सीजन में होरमीपाम पंजाब के लिए 14 बार मैदान पर खेलते हुए दिखे। एक समझदार सेंटर बैक के तौर पर पहचाने जाने वाला ये खिलाड़ी किसी भी खतरे को दूर करने और खेल को पूरी तरह समझने की क्षमता रखता है। 20 साल के इस खिलाड़ी का भविष्य काफी उज्वल है। ब्लास्टर्स को उम्मीद है कि समय के साथ होर्मिपम के खेल में और भी निखार आए और वो टीम का परमानेंट हिस्सा बन जाएं और टीम की डिफेंसिव लाइन को मजबूती दें।

इनका हुआ कॉन्ट्रैक्ट एक्सटेंसन

  1. मुंबई सिटी एफसी: बिपिन सिंह (2025), विग्नेश दक्षिणमूर्ति (2025)
  2. चेन्नइयन एफसी: एडविन सिडनी वंसपौल (2023)
  3. एफसी गोवा: ब्रेंडन फर्नांडिस (2024)
  4. हैदराबाद एफसी: लक्ष्मीकांत कट्टिमनी (2022)
  5. ओडिशा एफसी: जेरी एम (2025)