पूर्व आई-लीग चैंपियन 2021-22 सीजन से आईएसएल में खेलने की योजना बना रही है।

​आई-लीग का खिताब जीत चुकी चेन्नई सिटी एफसी इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) की टीम चेन्नईयन एफसी में शेयर खरीदने पर विचार कर रही है। टाइम्स ऑफ इंडिया में छपी खबर के मुताबिक चेन्नईयन एफसी के ज्यादातर शेयर चेन्नई सिटी एफसी खरीदने वाली है और इसके साथ ही उनकी आईएसएल में भी एंट्री हो जाएगी।

रिपोर्ट के मुताबिक, चेन्नई सिटी को यूरोपियन इन्वेस्टर्स से 20 मिलियन यूरो का फंड मिलने वाला है और इसी वजह से उन्होंने आईएसएल की एक अहम टीम का शेयर खरीदने का फैसला किया है। इस फंड को पाने में स्विस फुटबॉल क्लब एफसी बासेल ने चेन्नई सिटी की काफी मदद की है जोकि इंडियन क्लब में 26 प्रतिशत शेयर भी होल्ड करती है।

चेन्नई सिटी एफसी चेन्नईयन एफसी को अधिकारिक तौर पर टेकओवर करने का ऐलान 2020 के आखिर या 2021 के शुरुआत में कर सकती है। इस डील के मुताबिक दोनों टीमों का आपस में विलय नहीं होगा बल्कि चेन्नई सिटी का मैनेजमेंट चेन्नईयन एफसी को टेकओवर करेगा ताकि ये एक स्मूथ ट्राजिंशन हो। हालांकि, अगले आईएसएल सीजन में टीम किस नाम से खेलेगी इसका फैसला अभी तक नहीं हुआ है।

आगामी आई-लीग सीजन से चेन्नई स्थित क्लब अपना नाम भी वापस ले सकती है। ब्रॉडकास्टिंग फैसेलिटी में कमी और लिमिटेड स्पॉन्सर की वजह से क्लब को काफी नुकसान हो सकता है और इसी वजह से वो आने वाले सीजन में न खेलने का फैसला कर सकती है।।

आईएसएल का आगाज होने में अब बहुत कम वक्त बचा है और अभी पेपरवर्क नहीं हुआ है। ऐसे में ऑल इंडिया फुटबॉल फेडरेशन (एआईएफएफ) चेन्नई सिटी एफसी को आगामी आई-लीग सीजन में खेलने के लिए मजबूर भी कर सकता है। क्लब का मैनेजमेंट अभी लाइसेंस क्राइटेरिया को पूरा करने में लगा हुआ है।

इसी हफ्ते चेन्नई के क्लब ने हेड कोच अकबर नवास के साथ आपसी सहमति से अलग होने का फैसला किया था। अकबर नवास की कोचिंग में क्लब ने 2018-19 का आई लीग खिताब जीता था। अगर चेन्नई की टीम आई-लीग में खेलती है तो फिर असिस्टेंट कोच सत्यसागर को हेड कोच नियुक्त किया जा सकता है।