इन गोलस्कोरर्स ने रिकॉर्ड बुक में अपना नाम दर्ज करा लिया है।

फुटबॉल में हर एक गोल का अपना अलग ही महत्व होता है, क्योंकि गोल करने के लिए टीमों को कड़ी मशक्कत करनी पड़ती है। बेहतरीन स्किल और तालमेल के बाद ही कोई गोल हो पाता है। कई बार तो गेंद को नेट में डालना इतना मुश्किल होता है कि पूरे मैच में कोई भी गोल नहीं हो पाता है। हालांकि कई मुकाबले ऐसे भी होते हैं जिनमें महज कुछ ही सेकेंड के अंदर ही गोल हो जाता है। इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) के मुकाबले भी इससे अलग नहीं है।

आईएसएल के इतिहास में कई बार काफी तेज गोल हुए हैं। चेन्नईयन एफसी और जमशेदपुर एफसी के बीच खेले गए मैच में अनिरुद्ध थापा ना केवल इस सीजन गोल करने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी बने बल्कि उन्होंने एक दिलचस्प रिकॉर्ड भी बना लिया। अब वो टूर्नामेंट के इतिहास में सबसे तेज गोल करने वाले खिलाड़ियों की लिस्ट में शामिल हो गए हैं।

हम आपको इस आर्टिकल में टूर्नामेंट के पांच सबसे तेज गोल के बारे में बताएंगे:

5. विम रेमेकर्स – 53 सेकेंड

टूर्नामेंट के पहले सीजन में दिल्ली डायनामोज के डिफेंडर विम रेमेकर्स ने इतिहास रच दिया था। उन्होंने चेन्नईयन एफसी के खिलाफ मुकाबले में काफी तेज गोल किया था। ऐसे समय में जब युवेंटस के लेजेंड एलेसान्द्रो डेल पीएरो के ऊपर सबकी निगाहें थीं उसी बीच विम रेमेकर्स ने ये कारनामा कर सबको हैरान कर दिया।

दिल्ली ने जबरदस्त तरीके से शुरुआत की और पहला मिनट खत्म होने से पहले ही रेमेकर्स ने गोल कर स्टेडियम में बैठे सभी फैंस को चौंका दिया। शाइलो के पास पर उन्होंने गेंद को गोलपोस्ट में डाल दिया और महज 53 सेकेंड में ही गोल कर इतिहास के पन्नों में अपना नाम दर्ज करा लिया। रेमेकर्स उस सीजन सबसे तेज गोल करने वाले खिलाड़ी रहे।

4. अनिरुद्ध थापा – 52 सेकेंड

आईएसएल का सातवां सीजन कोरोना वायरस के बीच बिना फैंस के गोवा में खेला जा रहा है। ऐसे में इस टूर्नामेंट को शुरुआत में ही एक स्पार्क की जरुरत थी, ताकि फैंस टीवी पर ज्यादा से ज्यादा लीग की तरफ अट्रैक्ट हों। ये काम किया चेन्नईयन एफसी के अनिरुद्ध थापा ने किया जिन्होंने जमशेदपुर के खिलाफ सिर्फ 52 सेकेंड में ही गोल कर दिया।

पोजेशन मिलने के बाद चेन्नईयन एफसी की टीम गेंद को छोटे-छोटे पास से आगे बढ़ाती रही। अपना डेब्यू कर रहे इस्माइल गोंकालव्स ने जमशेदपुर एफसी के 18 यार्ड बॉक्स में अनिरुद्ध थापा को बेहतरीन पास दिया और उन्होंने कोई गलती नहीं की। एक इंडियन मिडफील्डर से इस तरह के प्रदर्शन की उम्मीद शायद जमशेदपुर एफसी की टीम को भी नहीं थी।

3. मोहम्मद रफी – 48 सेकेंड

मोहम्मद रफी के नाम आईएसएल के कुछ शानदार रिकॉर्ड्स हैं। वो आईएसएल फाइनल में गोल करने वाले तीसरे भारतीय प्लेयर भी बने थे, यह कारनामा उन्होंने 2016 में किया था। उसी सीजन उन्होंने एक ऐसा गोल भी किया था जो टूर्नामेंट के इतिहास में सबसे तेज गोल में शुमार है। केरला ब्लास्टर्स की तरफ से खेलते हुए एफसी पुणे सिटी के खिलाफ मुकाबले में उन्होंने ये गोल दागा था।

केरला ब्लास्टर्स ने शुरुआत में ही पूरी तरह से अटैक किया। क्रिस डागनल को एक अच्छे एरिया में पोजेशन मिला, इससे पहले कि एफसी पुणे सिटी की टीम कुछ समझ पाती उन्होंने गेंद मोहम्मद रफी को पास कर दी और रफी ने बिना कोई समय गंवाए गोल कर दाग दिया। ये गोल मैच के 48वें सेकेंड में ही आ गया था। हालांकि, पुणे ने बाद में वापसी करते हुए मुकाबला अपने नाम किया था।

2. क्रिस डागनल – 29 सेकेंड

2015 के सीजन में केरला ब्लास्टर्स की तरफ से खेलते हुए क्रिस डागनल ने नॉर्थईस्ट यूनाईटेड के खिलाफ ये कारनामा किया था। उन्होंने विरोधी टीम से बॉल छीनी और अपने साथी खिलाड़ी जोस प्रीटो कुरैस को फॉरवर्ड कर दिया और उसके बाद वो तुरंत पेनल्टी एरिया में चले गए।

कुरेस ने वहां से एंटोनियो जर्मन को बॉल पास किया और उन्होंने वहां से बॉक्स में मौजूद क्रिस डागनल को बेहतरीन पास दिया। गोल के इतने करीब गेंद मिलने के बाद डागनल ने कोई गलती नहीं की और महज 29 सेकेंड में ही गोल दागकर इतिहास रच दिया।

1. जेरी माविमिंगथांगा – 23 सेकेंड

आईएसएल के इतिहास में सबसे तेज गोल करने का रिकॉर्ड जेरी माविमिंगथांगा के नाम है। क्रिस डागनल के सबसे तेज गोल के एक साल बाद जेरी ने ये रिकॉर्ड तोड़ दिया। जमशेदपुर एफसी की तरफ से खेलते हुए उन्होंने केरला ब्लास्टर्स के खिलाफ महज 23 सेकेंड में ही गोल कर नया रिकॉर्ड बना दिया।

जमशेदपुर एफसी ने बेहतरीन शुरुआत की और गेंद को केरला ब्लास्टर्स के एरिया में ले गए और फाइनल थर्ड में भी पोजेशन बरकरार रखा। कुछ पासेस होने के बाद गेंद फॉरवर्ड अशीम बिश्वास को मिली लेकिन वो बॉक्स के किनारे से गोल करने में नाकाम रहे। वो अच्छी तरह से फिनिश नहीं कर पाए लेकिन जेरी ने उनकी इस गलती को तुरंत सुधार लिया और केरला ब्लास्टर्स के गोलकीपर को छकाते हुए गेंद गोल में डाल दिया। इसके साथ ही उनके नाम आईएसएल इतिहास में सबसे तेज गोल करने का रिकॉर्ड दर्ज हो गया।