उन्होंने केरला ब्लास्टर्स का हेड कोच बनने का कारण भी बताया।

इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) का सातवां सीजन कुछ ही हफ्ते बाद शुरु होने वाला है। सभी क्लब अपनी तैयारियों में लगे हुए हैं और इसी कड़ी में कई नए प्लेयर्स को साइन किया जा रहा है। किसी का कॉन्ट्रैक्ट बढ़ाया जा रहा है, तो किसी को कोच के तौर अप्वॉइंट किया जा रहा है। दो बार की फाइनलिस्ट केरला ब्लास्टर्स भी पीछे नहीं है और उन्होंने किबू विकूना को अपना नया हेड कोच भी नियुक्त किया है।

येलो आर्मी ने निशू कुमार, गिव्सन सिंह और अल्बिनो गोम्स जैसे प्लेयर्स को साइन किया है, तो वहीं अब्दुल समद जैसे खिलाड़ियों का कॉन्ट्रैक्ट भी बढ़ाया है। खेल नाओ के साथ विकूना ने कई मुद्दों पर बातचीत की और साथ ही ये भी बताया कि केरला ब्लास्टर्स ने निशू कुमार जैसे युवा प्लेयर को क्यों साइन किया।

किबू विकूना का कहना है कि उनका ध्यान सिर्फ उम्र पर नहीं बल्कि क्वालिटी पर भी होता है। युवा प्लेयर्स को भी मौके मिलने चाहिए, अगर उनके पास क्षमता है। युवा और अनुभवी खिलाड़ियों का मिश्रण सबसे बड़ा चैलेंज होता है। केरला ब्लास्टर्स ने युवा प्लेयर्स को हमेशा मौके दिए हैं। उन्होंने बताया कि निशू कुमार जैसे युवा प्लेयर को साइन करना इसका सबसे बड़ा उदाहरण है।

उन्होंने निशू की काफी तारीफ करते हुए कहा, “निशू एक जबरदस्त खिलाड़ी हैं और अपनी पोजिशन पर उनके पास काफी स्किल है। वो दोनों फ्लैंक्स पर खेल सकते हैं जिससे एक टीम के तौर पर हमें काफी संभावनाएं मिलती हैं। वो एक बहुत ही अच्छे डिफेंडर हैं और जब अटैक करते हैं तो उसमें भी काफी प्रभाव डालते हैं। निशू को साइन करके हम बहुत खुश हैं।”

इसके अलावा किबू विकूना ने ये भी बताया कि उन्होंने केरला ब्लास्टर्स की टीम का हेड कोच बनना क्यों स्वीकार किया। उनके मुताबिक आई-लीग के क्लब को छोड़कर केरला ब्लास्टर्स को ज्वॉइन करना उनके लिए काफी आसान फैसला था।

किबू विकूना ने कहा, “मैनेजमेंट ने मुझे एक स्पष्ट विजन बताया था कि कुछ हासिल करने के लिए ही पूरी टीम में इतना इन्वेस्ट किया गया है। शुरुआत से ही क्लब के हर एक मेंबर के साथ बात करके मुझे काफी कंफर्टेबल महसूस हुआ। इसलिए केरला ब्लास्टर्स को ज्वॉइन करना मेरे लिए काफी आसान हो गया। मुझे इस बात की बेहद खुशी है कि मैं एक ऐसे क्लब के साथ जुड़ा हूं जो फैंस को ध्यान में रखकर कोई फैसला लेता है।”

मोहन बगान के पूर्व मैनेजेर ने केरला ब्लास्टर्स से संदेश झिंगन के जाने के बारे में भी बात की। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों का आना-जाना फुटबॉल का एक हिस्सा है। उन्होंने कहा, “संदेश झिंगन का जाना क्लब के लिए एक बड़ा झटका था, लेकिन फुटबॉल में ऐसी चीजें होती रहती हैं। इसलिए अपने प्लान के मुताबिक ही चलना चाहिए।”