पीकेएल 9 में डेब्यू करने वाले पांच सबसे बेहतरीन रेडर

(Courtesy : PKL)
इन यंग रेडर्स ने अपने पहले ही सीजन में एक अलग छाप छोड़ी।
प्रो कबड्डी लीग (पीकेएल) के हर एक सीजन में युवा खिलाड़ियों को काफी मौका मिलता है। उन्हें अपनी स्किल और टैलेंट को दिखाने का एक बेहतरीन प्लेटफॉर्म मिलता है। कई युवा खिलाड़ियों का सपना इस लीग ने पूरा किया है। हर सीजन बेहतरीन यंगस्टर्स इसमें खेलते हैं और अपनी स्किल और टैलेंट के जरिए लोगों के दिलों में अपनी जगह बना लेते हैं। नवीन कुमार, परदीप नरवाल, पवन सेहरावत जैसे दिग्गज इसका सबसे बड़ा उदाहरण हैं। इन खिलाड़ियों ने जब अपना डेब्यू किया था तब इन्हें काफी कम ही लोग जानते थे लेकिन अब ये कबड्डी के बड़े सुपरस्टार हैं और करोड़ों फैंस के पसंदीदा प्लेयर बन गए हैं।
पीकेएल सीजन 9 के दौरान भी कई युवा खिलाड़ियों ने बेहतरीन प्रदर्शन किया। हम आपको इस आर्टिकल में उन टॉप-5 युवा रेडर्स के बारे में बताएंगे जिन्होंने अपने डेब्यू सीजन में ही कमाल कर दिया। आइए जानते हैं कौन-कौन से रेडर इस लिस्ट में हैं।
5.प्रणय राणे - 25 रेड प्वॉइंट्स
प्रणय राणे पीकेएल के 9वें सीजन में यू-मुम्बा की टीम का हिस्सा थे। इस टीम में गुमान सिंह और आशीष दो मेन रेडर थे और प्रणय राणे का प्रयोग ज्यादातर सब्सीट्यूट खिलाड़ी के तौर पर किया जाता था। प्रणय को जितने भी मौके मिले उसका उन्होंने पूरा फायदा उठाया। उन्होंने गुजरात जायंट्स के खिलाफ मैच में एक बेहतरीन सुपर-10 भी लगाया था। यही एक मैच था जिसमें उन्होंने 14 से ज्यादा रेड किए थे और उन्होंने मैनेजमेंट के फैसले को सही भी साबित किया। उन्होंने इस सीजन रेड में 25 प्वॉइंट लिए और ओवरऑल 11 मैचों में 26 प्वॉइंट हासिल किए। अगले सीजन उन्हें नियमित तौर पर मौका मिल सकता है।
4.विनय रेधू - 38 रेड प्वॉइंट
पीकेएल-9 में विनय रेधू ने तेलुगु टाइटंस के लिए बेहतरीन प्रदर्शन किया। टाइटंस का परफॉर्मेंस उतना अच्छा नहीं रहा और वो अंक तालिका में सबसे निचले पायदान पर रहे। हालांकि रेधू ने अपने डेब्यू सीजन में ही सबको काफी प्रभावित किया। उन्होंने इस सीजन 15 मैच खेले और कुल 42 प्वॉइंट हासिल किए जिसमें से 38 रेड प्वॉइंट थे। टाइटंस की टीम जब टूर्नामेंट से बाहर हो गई तब उन्हें ज्यादातर मौके दिए गए और उसका उन्होंने पूरा फायदा उठाया। अपने पहले ही सीजन में इस परफॉर्मेंस को किसी भी लिहाज से खराब नहीं कहा जा सकता है।
3.जय भगवान - 75 रेड प्वॉइंट
युवा रेडर जय भगवान से इस सीजन काफी उम्मीदें लगाई गई थीं। खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स 2022 में उन्होंने काफी प्रभावित किया था और इसी वजह से यू-मुम्बा ने 10 लाख की रकम के साथ उन्हें ऑक्शन में हासिल किया था। उन्होंने 19 मैचों में 75 प्वॉइंट हासिल किए और ओवरऑल 27वें पायदान पर रहे। जय भगवान का ये पहला ही सीजन था और आने वाले सालों में वो काफी बेहतरीन प्रदर्शन कर सकते हैं।
2.प्रतीक दहिया - 178 रेड प्वॉइंट्स
युवा ऑलराउंडर प्रतीक दहिया पीकेएल सीजन-9 के बेहतरीन यंग प्लेयर्स में से एक साबित हुए। गुजरात जायंट्स की तरफ से खेलते हुए उन्होंने अपने आपको बेहतरीन तरीके से साबित किया। टीम के मेन रेडर्स नहीं चल पा रहे थे और ऐसे में प्रतीक दहिया को कोच राम मेहर सिंह ने मौका दिया और वो टीम की उम्मीदों पर खरा उतरे। प्रतीक दहिया को 19 मैचों में खेलने का मौका मिला जिसमें उन्होंने 183 प्वॉइंट हासिल किए जिसमें 178 रेड प्वॉइंट्स रहे और वो अपनी टीम की तरफ से सबसे ज्यादा रेड प्वॉइंट हासिल करने वाले प्लेयर रहे। कई मुकाबलों में टीम की जीत में उनका योगदान सबसे ज्यादा रहा। उन्होंने 11 सुपर-10 भी लगाए।
1.नरेंद्र कंडोला - 243 रेड प्वॉइंट्स
नरेंद्र का ये पहला ही पीकेएल सीजन था और उन्होंने पहले ही सीजन में बता दिया कि वो भविष्य के एक बड़े प्लेयर साबित होने वाले हैं। थलाइवाज की सफलता में इस सीजन उनका काफी बड़ा योगदान रहा। वो अपने पहले सीजन में चौथे सबसे ज्यादा प्वॉइंट हासिल करने वाले प्लेयर रहे। उन्होंने 23 मैचों में 249 प्वॉइंट हासिल किए। इसके अलावा डू और डाई में वो सेकेंड बेस्ट रेडर टूर्नामेंट के साबित हुए। उन्होंने कुल मिलाकर 40 प्वॉइंट हासिल किए। इसके अलावा नरेंद्र ने 15 सुपर-10 भी लगाए।
Sawan Gupta is a passionate sports enthusiast with a strong interest in cricket, hockey, badminton, and kabaddi. He supports RCB in the IPL and UP Yoddhas in the PKL, and admires PV Sindhu and Virat Kohli. Since 2017, Sawan has been writing sports articles, covering major events like the Pro Kabaddi League, Asian Games, Olympics, and various cricket tournaments.